किसान आंदोलन पर बोले सीएम नीतीश कृषि कानून से फसल खरीद में कोई बाधा नहीं होगी

पटना। केंद्र के नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसान प्रदर्शनकारियों की संख्या बढ़ने के बीच उत्तरप्रदेश से लगते दिल्ली-गाजियाबाद बॉर्डर पर दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा मजबूत कर दी और कंक्रीट के अवरोधक लगा दिए। इस बीच बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार किसान आंदोलन को लेकर कहा कि बिहार में पहले से ही वर्ष 2006 में किसानों के हित में इस तरह की व्यवस्था लागू की गई। अब यह व्यवस्था पूरे देश में लागू की गई। बिहार में यह व्यवस्था लागू होने से किसानों को किसी प्रकार की समस्या नहीं हुई। बिहार इसका उदाहरण है। यहां किसानों को किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं हो रही है और अनाज खरीद का कार्य चल रहा है। इस वर्ष 30 लाख टन से ज्यादा धान खरीद का लक्ष्य रखा गया। 


मुख्यमंत्री सोमवार को दीघा-एम्स एलिवेटेड सड़क के लोकार्पण के बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लाये गये कृषि कानून से उनके फसलों की खरीद में कोई बाधा नहीं होगी। केंद्र सरकार द्वारा इसके लिए निर्धारित लाभ किसानों को मिलेगा। केंद्र सरकार किसानों से बातचीत करना चाहती है। जब केंद्र सरकार और किसानों के बातचीत होगी तो उन्हें सही मायने में पूरी जानकारी मिलेगी। उन्होंने फिर स्पष्ट किया कि कृषि कानून से किसानों के फसल खरीद में कोई कठिनाई नहीं होने वाली है। किसानों में अकारण गलतफहमी पैदा किया जा रहा है। इसी दौरान पटना में स्टील से बनाया गया देश का पहला रेलवे ओवर ब्रिज आरओबी जनता के लिए खुल गया। इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया। पटना एम्स से दीघा तक जाने वाली 12 किलोमीटर की एलिवेटेड रोड के बनने से अब आरा से छपरा जाने वाले लोगों को काफी सहूलियत हो मिलेगी। आमलोगों को काफी हद तक जाम से भी निजात मिलेगी। एलिवेटेड सड़क के बेहतर निर्माण के लिए मुख्यमंत्री ने पटना के प्रमंडलीय आयुक्त संजय कुमार अग्रवाल समेत 5  इंजीनियरों को पुरस्कृत किया। लोकार्पण के साथ इस सड़क पर वाहनों का परिचालन शुरू हो गया। मुख्यमंत्री ने लोकार्पण के बाद कहा कि इस सड़क के बनने से अब लोगों को एम्स तक आने-जाने में काफी सहूलियत होगी। नई सरकार के गठन के बाद यह पहला लोकार्पण कार्यक्रम था।