पटना: बिहार (Bihar) में विधानसभा चुनाव (Bihar Assembly Election 2020) का बिगुल बज चुका है और पहले चरण की 71 सीटों के लिए 1 अक्टूबर को अधिसूचना जारी हो जाएगी. वाबजूद इसके नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के नेतृत्व वाले एनडीए में सीट शेयरिंग को लेकर सहमति नहीं बन पा रही है.
सूत्रों के अनुसार बीजेपी ने एलजेपी को 27 विधानसभा सीट और दो एमएलसी की सीटों का ऑफर दिया है. हालांकि, एलजेपी ने अभी तक आधिकारिक रूप से कुछ भी नहीं कहा है. ऐसे में एलजेपी ये ऑफर स्वीकार करती है कि नहीं इस पर सबकी नजर टिकी हुई है.
वहीं, बीजेपी नेता अरविंद सिंह ने एलजेपी को 27 सीट देने के मामले पर कहा है कि बीजेपी हमेशा गठबंधन के साथ जवाबदेही निभाती है. बीजेपी कभी भी किसी गठबंधन को नाराज नहीं करती है लेकिन अब आगे क्या होगा ये देखना होगा.
साथ ही उन्होंने कहा कि एनडीए 243 सीटों पर मजबूती के साथ चुनाव लड़ेंगी और हमलोग 220 के अधिक सीट जीतेंगे. वहीं, एलजेपी को 27 सीट देने पर आरजेडी नेता सुबोध राय ने कहा है कि यह मामला एलजेपी का है एनडीए मौकापरस्त का गठबंधन है. जेडीयू और बीजेपी दोनों ही मौकापरस्त हैं. यह एलजेपी, जेडीयू और बीजेपी का मामला है.
वहीं, इस मसले पर आरएलएसपी प्रधान महासचिव माधव आनंद ने कहा है कि एलजेपी नेता चिराग पासवान ने किस तरीके से सीएम नीतीश कुमार पर निजी तौर पर अटैक किया है, वो गठबंधन के खिलाफ है. यदि एनडीए सीट इतनी सीट दे रहीं है वह आश्चर्य की बात है. महागठबंधन में रहकर नीतीश कुमार पर हमला करना अजीब बात है. एलजेपी अपना गठबंधन धर्म नहीं निभाया है.
